वरिष्ठ कांग्रेस नेता अभिषेक मनु सिंघवी ने रामलीला मैदान में आयोजित एक मार्च में हिस्सा लेते हुए सरकार और चुनाव आयोग की भूमिका पर सवाल उठाए हैं।
कांग्रेस के राज्यसभा सांसद और सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ वकील अभिषेक मनु सिंघवी ने 'इंडिया' (INDIA) गठबंधन के रामलीला मैदान मार्च में शामिल होते हुए चुनाव आयोग (EC) और मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) पर तीखा हमला बोला। चुनाव आयोग और मोदी सरकार पर सवाल उठाते हुए उन्होंने कहा, "चुनाव आयोग किसी की निजी जागीर नहीं है।"
हर एक वोट की सुरक्षा
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर सिंघवी ने लिखा, "बात यह है कि हर वोट मायने रखता है, और हर व्यक्ति का अपना महत्व है। कांग्रेस और विपक्षी गठबंधन हर एक वोट की रक्षा के लिए एकजुट हैं—भले ही इसके लिए किसी एक व्यक्ति के वोट की ही रक्षा क्यों न करनी पड़े।"
'इंडिया' गठबंधन के मार्च के बारे में उन्होंने आगे कहा, "यह एक संदेश है—आक्रोश और असंतोष का संदेश—जो यह बताता है कि संविधान कोई खिलौना नहीं है। यह इस बात का भी संदेश है कि चुनाव आयोग मोदी जी और शाह जी की निजी संपत्ति या जागीर नहीं है।"
रामलीला मैदान में 'इंडिया' गठबंधन के लिए भारी भीड़
राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस पार्टी ने दिल्ली के कनॉट प्लेस से रामलीला मैदान तक एक मार्च का आह्वान किया था, जिसमें 'इंडिया' गठबंधन की सभी सहयोगी पार्टियों ने हिस्सा लिया। चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त को लेकर जताई जा रही चिंताओं के बीच, इस रैली में हजारों लोग इकट्ठा हुए। कांग्रेस और 'इंडिया' गठबंधन के अन्य सहयोगी दलों के कार्यकर्ता देश के अलग-अलग हिस्सों से दिल्ली पहुंचे हैं।